Connect with us

खबरे छत्तीसगढ़

कोरोना वायरस कोविड-19 के संक्रमण से बचाव के लिए विक्रांत मोहन राव रणसिंह ने पूरे प्रदेश वासियों से लॉक डाउन में घर में ही रहने की लोगों से अपील की

Published

on

SHARE THIS

ललित साहू धमतरी । कोरोना वायरस कोविड-19 (Coronavirus COVID-19) के संक्रमण से बचाव के लिए विक्रांत मोहन राव रणसिंह (Vikrant Mohan Rao Ranasingh National Secretary)(राष्ट्रीय मजदूर Congress Itk ) C:G ने पूरे प्रदेश वासियों से लॉक डाउन के दरमियान घर में ही रहने के लिए लोगों से अपील किए हैं क्योंकि लॉक डाउन की स्थिति में लोग सावधानी नहीं बरत रहे हैं वहीं केंद्र सरकार राज्य सरकार और जिला प्रशासन की लगातार निवेदन के बाद भी लोग जागरूक नहीं दिखाई दे रहे हैं, बेवजह घर से निकल रहे हैं
उन्होंने कहा कि धीरे-धीरे भारत और छत्तीसगढ़ में भी कोरोना कि मरीज की संख्या बढ़ती जा रही है। और इसी वजह से हमको इस बातों को गंभीरता से लेना चाहिए उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ के लोग समय रहते संभल जाए नहीं तो फिर एक व्यक्ति की खामियाजा लाखों व्यक्ति को हो सकती हैं ।विक्रांत मोहन राव ने यह भी कहा कि इटली पूरे विश्व में बेहतर स्वास्थ्य व्यवस्था के नाम से जाना जाता हैं उसके बावजूद कोरोना वायरस से चीन के बाद इटली सबसे ज़्यादा प्रभावित है. इटली का एक इलाक़ा ऐसा भी है, जहां हालात चीन के वुहान जैसे ही हो गए हैं. इस इलाक़े का नाम है ‘लोंबार्डी’.ये इलाक़ा यूरोप में इस महामारी का केंद्र बना हुआ है। लोंबार्डी में क़रीब एक करोड़ लोग रहते हैं. हालांकि यहां की कुल आबादी में इटली के मूल निवासी तकरीबन 15% हैं. मिलान, लोंबार्डी क्षेत्र का प्रमुख शहर है. इसे इटली की वित्तीय राजधानी कहा जाता है. लोंबार्डी क्षेत्र के गवर्नर एटिलिओ फोनताना ने कहा, “इटली की वित्तीय राजधानी मिलान के आस-पास के इलाक़ों में स्थिति तेज़ी से ख़राब होती जा रही है.”
इसलिए मैं छत्तीसगढ़ के समस्त भाई बंधुओं बड़े बुजुर्गों को विनम्र निवेदन कर रहा हूं कि लापरवाही ना बरते और नियमों का पालन करें ताकि हमारी वजह से हमारे परिवार भी सुरक्षित है।

SHARE THIS

खबरे छत्तीसगढ़

रायपुर में लाखों की शराब पर चला बुलडोजर

Published

on

SHARE THIS

रायपुर :  बलौदाबाजार-भाटापारा पुलिस ने जप्त अवैध शराब को नष्ट किया। जिले के थानों- चौकी में दर्ज 1001 प्रकरणों में कुल 11587. 768 लीटर जब्त शराब की बोतलों को बुलडोजर चलाकर कुचला गया। इन मामलों में जप्त वाहनों को भी राजसात किया जा रहा है। रविवार दोपहर पुलिस कैंप लाहोद में यह कार्रवाई की गई।

जबलपुर में डेढ़ करोड़ की शराब पर चला था बुलडोजर जबलपुर में डेढ़ करोड़ रुपए से ज्यादा कीमत की शराब पर रोड रोलर चला दिया गया। बुधवार को एक लाख 47 हजार लीटर शराब को 10 ट्रकों में भरकर खमरिया थाना क्षेत्र के लोहकरी गांव के जंगल में ले जाया गया। इसके बाद गड्‌ढा खाेदकर इसे नष्ट किया गया। जिस शराब को नष्ट किया गया, वह जिले के 36 थानों से इकट्‌ठा की गई थी। इसे पुलिस ने आबकारी एक्ट के तहत जब्त किया था। इसे कोर्ट के निर्देश पर ही नष्ट किया गया है। जिला मुख्यालय से करीब 30 किलोमीटर दूर ग्राम लोहकरी में पुलिस, प्रशासन और आबकारी विभाग के अफसर मौजूद रहे। टीम ने पहले जेसीबी मशीन से गड्ढा खोदा। इसके बाद कच्ची शराब को गड्ढे में बहा दिया गया। वहीं, अंग्रेजी शराब को रोड रोलर से नष्ट किया गया। कार्रवाई से पहले मौके पर कलेक्टर दीपक आर्य और एसपी आदित्य प्रताप सिंह भी पहुंचे।

एएसपी सूर्यकांत शर्मा का कहना है कि शराब नष्ट करने को लेकर कलेक्टर दीपक आर्य ने कमेटी का गठन किया था। इसमें सहायक जिला आबकारी अधिकारी रविन्द्र मानिकपुरी, डिप्टी कलेक्टर और एएसपी शामिल थे। एएसपी शर्मा ने बताया कि जिले के सभी थाना प्रभारियों से कहा गया था कि कोर्ट के निर्देश पर जिन थानों में रखी शराब को नष्ट करना है, उसकी सूची कमेटी के सामने लाएं। 36 थानों के थाना प्रभारियों ने शराब को लेकर लिस्ट बनाई। सहायक आबकारी आयुक्त रविन्द्र मानिकपुरी ने बताया कि कोर्ट के निर्देश पर जिस शराब को नष्ट किया गया है, उसकी कीमत करीब डेढ़ करोड़ रुपए है। शराब को पुलिस और आबकारी विभाग द्वारा समय-समय पर कार्रवाई करते हुए जब्त किया गया था। सहायक आबकारी आयुक्त ने बताया कि अगले महीने फिर शराब नष्ट करने की बड़ी कार्रवाई की जाएगी, जिसकी तैयारी की जा रही है।

SHARE THIS
Continue Reading

खबरे छत्तीसगढ़

गांव के खेत में तेंदुआ, वन विभाग ने किया रेस्क्यू

Published

on

SHARE THIS

कोरबा  : जिले के कटघोरा वन मंडल की ऐतमा वन परिक्षेत्र के ग्राम कोनकोना में एक तेंदुआ खेत में टहलते और आराम करते नजर आया। ग्रामीणों की नजर तेंदुआ पर पड़ी तो इसकी सूचना तुरंत वन विभाग को दी। बताया जा रहा है कि तेंदुआ गर्मी के चलते हीट स्ट्रोक का शिकार हो गया था। सूचना के बाद वन विभाग की टीम ने घंटो मशक्कत बाद के तेंदुआ को पकड़ा गया। जानकारी के मुताबिक, ग्रामीण लगभग सुबह 9 बजे खेत में काम करने जा रहे थे। इस दौरान अचानक उनकी नजर पड़ी और वह डरे सहमे वापस गांव पहुंचे और इसकी जानकारी गांववालों को दी गई। घटना की सूचना पर कटघोरा डीएफओ निशांत कुमार ने खुद मौके पर पहुंचे। वन विभाग की टीम रेस्क्यू शुरू किया गया, लेकिन तेंदुआ इधर से उधर टहलते हुए नजर आ रहा था।

इसकी सूचना बिलासपुर कानन पेंडारी की टीम को भी दी गई जहां वह तत्काल मौके पर पहुंचे और रेस्क्यू शुरू किया। घंटो मशक्कत बाद के तेंदुए को पकड़ा गया और उसे पशु चिकित्सा के माध्यम से बेहोश किया गया। जिसके वन विभाग और ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है। इस संबंध में कटघोरा डीएफओ निशांत कुमार ने बताया कि बिलापसुर कानन पेंडारी आई हुई टीम में डॉक्टर को भी बुलाया गया था। तेंदुआ भीषण गर्मी के चलते हीट स्ट्रोक का शिकार हो गया है और बीमार है। इसके चलते वह आराम से चल फिर रहा था। बिलासपुर से टीम बुलाकर तेंदुए को पकड़ा गया है जहां उच्च अधिकारी को निर्देश पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। बता दें कि कुछ दिनों पहले ही कटघोरा वन परिक्षेत्र के एतमा नगर में तेंदुआ के हत्या का मामला सामने आया था जिसमें पिता-पुत्र समेत एक अन्य आरोपी को कटघोरा वन विभाग ने गिरफ्तार किया था। इसके बाद से लगातार वन विभाग इस इलाके में तेंदुए पर नजर रखी हुई थी। वन विभाग ने निगरानी के लिए जगह-जगह कैमरे लगाए हैं।

SHARE THIS
Continue Reading

खबरे छत्तीसगढ़

सर्वआदिवासी समाज ने पुलिस पर लगाया फर्जी मुठभड़े का आरोप

Published

on

SHARE THIS

जगदलपुर/कांकेर  :  कांकेर जिले के टेकामेटा गांव में रविवार को सर्व आदिवासी समाज का दल पुलिस-नक्सली मुठभेड़ में मारे गए चार आदिवासियों के परिवार से मिलने पहुंचा था। इसमें प्रमुख रूप से सर्व आदिवासी समाज की ब्लॉक उपाध्यक्ष मैनी कचलाम, अजीत नुरूटी, केय कोरचा, कन्ना वड्डे, सोनसाय तिम्मा, सुरेश मेट्टामी, पेकाराम मेट्टामी, मंगेश वेड़दा, आंदेबाई कोवाची समेत बड़ी संख्या आदिवासी समाज के लोग मौजूद थे। इस बीच पांच गांवों से आए हुए ग्रामीणों से बातचीत कर मैनी कचलाम ने छत्तीसगढ़ सरकार पर आदिवासियों को फर्जी मुठभेड़ में मारने का आरोप लगाते हुए सवाल उठाया है कि सरकारी योजनाओं का लाभ लेने वाले आदिवासी जो अपने घऱ परिवार के साथ गांव में रहते है। उन्हें माओवादी बताकर मारना गलत है, जबकि सरकार को माओवादी और आदिवासियों में फर्क करना चाहिए।

आदिवासी अपनी जरूरतों की पुर्ती के लिए जंगल जाते हैं और सुरक्षा बलों के द्वारा फर्जी मुठभेड़ में नक्सली बताकर मार दिया जाता है। वहीं, सर्व आदिवासी समाज के छोटेबेठिया सर्कल के अध्यक्ष अजीत नुरूटी ने कहा कि नक्सली के नाम पर गोली मार दिये गए चारों आदिवासियों के परिवारों को आज देखने वाला कोई नहीं है। घऱ में कमाने वाले लोगों को पुलिस ने फर्जी मुठभेड़ में मार दिया। जबकि ये लोग काकुर गांव में गोटा पंडुम मनाने के लिए गए हुए थे। उन्होंने सरकार से इस मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने और मारे गए बेगुनाह आदिवासियों के परिजनों को उचित मुआवजा देने की मांग की है।

SHARE THIS
Continue Reading

खबरे अब तक

WEBSITE PROPRIETOR AND EDITOR DETAILS

Editor/ Director :- Rashid Jafri
Web News Portal: Amanpath News
Website : www.amanpath.in

Company : Amanpath News
Publication Place: Dainik amanpath m.g.k.k rod jaystbh chowk Raipur Chhattisgarh 492001
Email:- amanpathasar@gmail.com
Mob: +91 7587475741

Trending